
मुंबई 5 जलाई 2021. महाराष्ट्र विधानसभा में सोमवार को ओबीसी (अन्य पिछड़ा वर्ग) आरक्षण के मुद्दे पर जमकर हंगामा हुआ। हंगामा करने वाले भारतीय जनता पार्टी के 12 विधायकों को एक साल के लिए निलंबित कर दिया गया है। एक अधिकारी ने बताया कि भाजपा के 12 विधायकों ने पीठासीन अधिकारी भास्कर जाधव के साथ बदसलूकी की, जिसके चलते उन्हें एक साल के लिए विधानसभा से निलंबित कर दिया गया है। वहीं दूसरी ओर सभी निलंबित भाजपा विधायक शाम को राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी से मुलाकात के लिए राजभवन पहुंचे।
बता दें कि महाराष्ट्र विधानसभा के दो दिवसीय मॉनसून सत्र की सोमवार को हंगामेदार शुरुआत हुई. प्रतिपक्ष के नेता देवेंद्र फडणवीस ने एक एमपीएससी अभ्यर्थी द्वारा खुदकुशी किए जाने तथा सत्र की कम अवधि निर्धारित किए जाने को लेकर प्रदेश की महा अघाड़ी सरकार पर निशाना साधा.
भाजपा नेता फडणवीस ने मांग की कि सदन के सदस्यों को विभिन्न मुद्दों को उजागर करने के लिए सभी विधायी उपायों के इस्तेमाल की इजाजत दी जाए और जमा किए गए सभी सवालों के जवाब दिए जाएं. जैसे ही, सदन की कार्यवाही शुरू हुई फडणवीस ने व्यवस्था का सवाल उठाते हुए कहा कि ऐसा पहले कभी नहीं हुआ कि मॉनसून सत्र की अल्प अवधि के मद्देनजर सदस्यों द्वारा पूछे गए सवालों का जवाब न दिया जाए और विधायी उपाय स्थगित कर दिए जाएं.
भाजपा नेता ने कहा कि पूर्व में जब कभी सवालों पर सदन में चर्चा नहीं हो पाती थी, उन्हें गैर-तारांकित के तौर पर दर्ज किया जाता था.
इस पर राज्य के संसदीय कार्य मंत्री अनिल परब ने कहा कि सदस्यों द्वारा दिए गए सवालों को गैर-तारांकित माना जाएगा. बाद में फडणवीस ने स्थगन नोटिस का प्रस्ताव देते हुए पुणे स्थित एमपीएससी अभ्यर्थी स्वप्निल लोनकर द्वारा खुदकुशी किए जाने के बाद महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग (एमपीएससी) के कामकाज पर चर्चा की मांग की.
